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SALARY कैसे NEGOTIATE करें ?

SALARY कैसे NEGOTIATE करें ?

कितनी salary चाहते है आप ? कम बताएँगे तो काफी नुक्सान हो सकता है और बहुत ज्यादा बता दिया तो शायद interview से ही बाहर । पर थोड़ी सी research करके आप पता लगा सकते है की आपको कितनी salary मांगनी चाहिए। Salary.com, Glassdoor.com and PayScale.com इन websites पर देखिये की आपकी experience और job profile वाले को कितनी सैलरी इस वक़्त companies दे रहीं है । इसे आपको एक idea आ जायेगा की आपकी सैलरी minimum कितनी होनी चाहिए । तो उससे कम salary accept मत कीजिये ।

अगर आप एक ही कंपनी में काफी साल से काम कर रहें है तो आपकी salary market standard से कम होने के chances ज्यादा है क्योंकि एक ही company में हर साल अच्छा increment मिलना बहुत मुश्किल है । काफी companies interview के वक़्त सैलरी देते वक़्त current salary को ज्यादा महत्व देती है । तो अगर आपकी current salary market standard से कम है और आप market standard के हिसाब से hike चाहते है तो उस company को यह बताइये की क्यों आप ज्यादा salary के काबिल है । जैसे आप कह सकते है की आपका experience ज्यादा है या आपके skills काफी बेहतर है । जब तक सामने वाली company आपको जॉब offer नहीं करती तब तक salary का ज़िक्र मत कीजिये yaani last round jo HR ka hota hai usi me salary ki baat karen. Haan agar pahle salary bataane par zor diya jaa raha hai to kahiye mai is position ke hisaab se best expect kar raha hun ya ek range bata dijiye । salary अगर market standard के हिसाब से काफी कम है तो यह बात सभ्य तरीके से उन्हें बताइये । अगर आपके काफी समझाने पर भी comapny आपको सैलरी बढ़ाकर नहीं दे रही तो दूसरे benefits में बढ़त मांगिये जैसे health insurance parents के लिए, घर से काम करने की सुविधा वग़ैरा ।

आप चाहें तो कम salary accept कर सकते है अगर आपको लगता है की आपकी current कंपनी उसके बदले आपको सैलरी बढ़ा सकती है । अगर पहले किसी को आपकी company ने resignation के वक़्त सैलरी बढ़ा कर दी है तो chances है की आपको भी बढ़ा कर मिल जाए ।

क्या आप काफी बार अपने कान का मैल यानी ear wax, cotton के swab से साफ़ करते है ?

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क्या आप काफी बार अपने कान का मैल यानी ear wax, cotton के swab से साफ़ करते है ?
अगर हां तो यह सही नहीं है ।

cotton swab कान के मैल को अंदर push करते है । यह हमारे कान के पर्दों को हानि पहुंचा सकता है ।
कान का मेल कान के लिए अच्छा होता है । यह बहार की हानिकारक चीज़ों को कान के अंदर पहुँचने से रोकता है jaise keede, paani | असल में तो कान के मैल को निकलना ही नहीं चाहिए । जब यह बहुत बढ़ जाता है तो अपने आप ही बहार आ जाता है काफी बार सोते वक़्त । हाँ अगर बहुत ही ज्यादा अगर मैल बढ़ गया हो तो किसी doctor के पास जाकर निकलवा लें । पर आम तौर पर कान के मैल यानी ear wax को निकालने की कोई ज़रूरत नहीं पड़ती

exercise करते वक़्त समय बचाइए

आज कल के busy life में हमारे पास workout यानी exercise करने का ज्यादा समय नहीं होता । आज हम आपको कुछ ऐसे tips बता रहें है जो आपको exercise करते वक़्त समय बचाने में मदद करेंगे ।

१. एक प्लान बनायें – काफी बार हम बिना किसी प्लान के gym चले जाते है और हमें वहाँ जाकर समाज नहीं आता की कौनसा exercise करें । cardio करूँ या weights । यही सोचते सोचते जिस exercise को करने के लिए ३० मिनट काफी था १ घंटे निकल जाता है । gym जाते समय यह चीज़े जानकर जाएँ ।
कितनी देर warm up करेंगे ।
आज कौन कौन से excerises करेंगे ।
कितने sets और repetitions करेंगे ।
कितना वज़न उठाएंगे ।

२. कम exercises करें –
नए लोग एक गलते कर बैठते है । अगर उन्हें अपने biceps बढ़ाना हो तो वह biceps से जुड़े १०-१५ exercises कर लेंगे । ऐसा नहीं करना चाहिए । एक muscle group पर इतने exercises से अच्छा है ३ -४ exercises करें और अगली बार जब जाएँ तो पहले से थोड़ा ज्यादा वज़न उठाने की कोशिश करें ।

३ अच्छी तरह से warm up करें – normally हम warm up करते समय १५ minute treadmill पर दौड़ेंगे । फिर जिसे वहां पहचानते है उनसे कुछ देर बात करेंगे । हम इससे बेहतर कर सकते है । रोज़ १५ मिनट treadill करने से अच्छा कुछ दिन treadmill की जगह यह करें ।
कुछ minute lunges करें
कुछ minute squats करें
कुछ minute bear crawl करें
कुछ minute medicine ball exercise करें

४ distractions को कम करें – काफी लोग gym में exercise break के वक़्त बैठ कर facebook के posts scroll करते है । हमें इस दौरान अपनी सांस पर ध्यान रखना चाहिए । वैसे अगर आप पूरी मेहनत से exercise कर रहें हैं तो आपका ध्यान नहीं भटकेगा ।

५ एक time limit set करें – अगर आपके exercise काफी देर तक खीच रहें है तो एक timer लगा कर exercise करें । अपना exercise उस time के अंदर ख़तम करने की कोशिश करें । इससे आपका time waste नहीं होगा ।

६ Wait मत कीजिये – काफी बार ऐसा होता है की आप कोई exercise करना चाहते है पर उसके लिए जो equipment चाहिए उसे कोई और इस्तेमाल कर रहा है । जैसे bench press । अगर कोई barbell लेकर bench press कर रहा है और आपको भी वही करना है तो उसके ख़तम होने तक barbell के लिए wait करने से अच्छा है की आप dumbells उठा ले और bench press करें या floor press कर लीजिये । इससे आपके कीमती समय का सदुपयोग होगा ।

हमारी राष्ट्र भाषा क्या है ?

हमारी राष्ट्र भाषा क्या है ?

कुछ दिनों पहले की बात है मेरा एक दोस्त तमिलनाडु से मुम्बई आया मुझसे मिलने । मेरे घर का address ठीक तरह से ना समझने पर उसने road पर एक आदमी से पुछा sir can you please help me with this address? तब उस आदमी ने मेरे दोस्त से पुछा dont you know हिंदी ? मेरे दोस्त ने कहा no sir i am from tamil nadu। तब उन्होंने उससे गुस्से में कहा hindi is our national language and you dont know that ? हिंदी हमारी राष्ट्र भाषा है और तुम्हे आती नहीं ?

हमारी राष्ट्र भाषा क्या है ? अगर आपका जवाब है हिंदी तो आप गलत है । इस आदमी की तरह काफी ऐसे लोग है जिन्हें ऐसा लगता है की हिंदी हमारी राष्ट्र भाषा यानी national language है । पर ऐसा नहीं है । जी हां हिंदी हमारी राष्ट्र भाषा नहीं है । भारत के संविधान के अनुसार भारत की कोई राष्ट्र भाषा यानी national language नहीं है।

आइये इसे विस्तार में समझते है । भारत की इतनी आबादी में लगभग १६०० भाषाएँ है । पर इसमें से सिर्फ २२ भाषाओं को official language का दर्जा दिया गया है । हर state की एक मुख्या भाषा होती है । भारत में इतने सारे भाषा थे तो लोगों को एक करने के लिए किसी भाषा को चुनने की कोशिश की गयी । ४० % लोग हिंदी या उससे मिलती जुलती भाषा बोलते थे तो यह एक option था पर हिंदी काफी सारे लोगों को नहीं आती थी पर उन्हें english आती थी । hindi और english बोलने वालों की तादाद अन्य भाषाओं से ज्यादा थी । इसलिए १९६५ तक हिंदी और english को भारत की official language घोषित किया गया । पर states को यह छूट थी के वह हिंदी या किसी अन्य language को official तौर पर इस्तेमाल कर सकते थे जो उस state में बोली जाती हो । १९६५ में हिंदी को भारत की राष्ट्र भाषा घोषित करने वाली थी भारतीय सरकार पर काफी states थे जिनमे हिंदी नहीं बोली जाती थी । इन states ने इसका विरोध किया जो की सही था और सरकार को यह मानना पड़ा । इस समय भारत में २२ भाषाएँ है जो official तौर पर इस्तेमाल हो रही है अपने अपने states के अनुसार । तो भारत का कोई एक language national language नहीं कहा जा सकता । यह सारी २२ भाषाएँ भारत की official भाषाएँ है और राष्ट्र भाषाएँ भी मानी जा सकती है ।

उम्मीद है इस विडियो से काफी लोगों को आज यह सच पता चला होगा की हिंदी भारत की राष्ट्र भाषा यानी national language नहीं है । इसलिए आगे से अगर किसी को हिंदी नहीं आती तो यह मत कहिये की उसे राष्ट्र भाषा नहीं आती ।

जल्दी promotion पाने के कुछ tips

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संतोष एक कंपनी में ५ साल से काम कर रहा है । वह अपना काम बहुत अच्छे से करता है और ज्यादा घंटे ऑफिस में बिताता है । पर इसके बावजूद भी संतोष को २ साल से promotion नहीं मिल रहा । उसके दोस्त रमेश को promotion मिल गया जो overtime भी नहीं करता । ऐसा क्यों हुआ । हालांकि सफलता के लिए मेहनत करना सबसे ज़रूरी है इसके अलावा भी ऐसी कुछ चीज़े हैं जो ज़रूरी है ।

१. सीखने की जिज्ञासा रखें – आपने school और college में काफी सीख होगा । पर सीखने की जिज्ञासा से आप अपने आस पास की चीज़ों से सीख सकते है । अपनी company के culture और values के बारे में जाने । सीखने की जिज्ञासा होगी तो आप company के भविष्य के बारे में भी जान सकते है और आप उस हिसाब से मेहनत कर सकते है जिससे आपकी company को फायदा होगा और कंपनी आपको notice करेगी ।

२ सभी काम आसान नहीं होते – कुछ काम आपको एक challenge देते है । आप शायद उस काम में सफल ना हो पाएं पर वापस कोशिश करके उसे अच्छी तरह करेंगे तो सफलता आपके कदम ज़रूर चूमेगी । द्रढता और एक plan के साथ फिर से कोशिश करें ।

३. Leader बनिए – लीडर बनिए और एकजुट होकर अपने team के साथ काम करिये । अपनी टीम की मेहनत की सराहना करें । अपनी team के हर member को ऐसा काम दीजिये जो उनके अंदर का best सामने ला सके ।

४ भविष्य के बारे में सोचें – आपकी performance आपके पर्सनल rating को अच्छा कर रहीं है पर यह कंपनी को किस तरह से मदद कर रहीं है । कोशिश करें की आपके अच्छे काम का असर कंपनी की growth पर पड़े । business minded approach लेकर काम करेंगे तो फायदा होगा सिर्फ एक machine की तरह रात दिन काम करने से नहीं । याद रखिये आपकी growth आपकी कंपनी की growth पर निर्भर है ।

५ ज़िम्मेदारी लें – अगर आप सफल होते है तो आपकी पूरी team को credit मिलता है पर अगर आप किसी target को achieve करने में असफल होते है तो खुद ज़िम्मेदारी लीजिये असफलता का । जो भी गलती हुई है उसे सुधारने के लिए ज़रूरी कदम उठाएं । याद रखिये senior बनने पर आपकी ज़िम्मेदारियाँ बढ़ जाती है ।

६ परिस्थिति के अनुसार अपने आपको बदलिए – market में इस वक़्त किन चीज़ों की ज़रूरत है इससे अवगत रहिये । आपको राजनितिक, टेक्नोलॉजी और इकनोमिक हालात के अनुसार अपने आप को बदलना होगा । senior position में पहुँचने के बाद जल्दी अपने आपको हालात के अनुसार बदलना बहुत ही ज़रूरी हो जाता है ।

७ नैतिकता रखिये – चाहे जो भी हो अनैतिक चीज़ें ना करें । याद रखिये आपको आपके कंपनी में जो लोग है उनके लिए एक अच्छी मिसाल बनना है ।

काश हमें स्कूल में सिखाते यह सब ।

स्कूल के दिनों में कितनी सारी चीज़ें सिखाई गयी थी हमें । history, geography, mathematics, science और ना जाने क्या क्या । पर कुछ चीज़ें जो जीवन में अत्यंत महत्वपूर्ण है वह नहीं सिखाई गयी । मैं यह नहीं कह रहा की जो चीज़ें सिखाई गयी वह कम महत्त्वपूर्ण है, मैं सिर्फ इतना कह रहा हु की अगर यह कुछ चीज़ें भी सीखा देते तो कितना फायदा होता हमें जीवन में ।

१. tax कैसे बचाना है और टैक्स की गणना यानी calculation कैसे करनी है । tax के बारे में सोचते ही हमारा दिमाग ख़राब हो जाता है । जितना टैक्स भरने का tension नहीं उससे ज्यादा tax को calculate करने का tension रहता है । समाज में नहीं आता की किस section में कितनी बचत कर सकते है । जैसे hra में कितना percent बचा सकते है । मई खुद २०००० का नुक्सान कर चूका हु जब मुझे यह पता नहीं था की home loan के साथ हम stamp duty और registration की रकम भी हम principal में दिखा सकते है । job करने के लगभग ५ सालों तक tax के बारे में पता नहीं था ठीक तरह से तो investment क्या ख़ाक करता । अब सोचता हु काश career के शुरुवात में ही ppf ले लिया होता तो आज withdraw भी कर सकता उसे । छोटी छोटी बातों के लिए भी ca के पास

२. Life Insurance और Health Insurance
Life Insurance और Health Insurance जितनी देर से लेते है उतना ज्यादा premium यह भी नहीं पता था । term plan और endowment plan क्या होता
है । term plan तो होना ही चाहिए आपके पास अगर कोई आपके ऊपर निर्भर यानी dependent है । Health Insurance लेते समय पहले से कोई बिमारी हो तो उसका waiting period होता है । copayment क्या होता । और अगर आप शादी शुदा महिला है तो आपको premium ज्यादा भरना होगा क्योंकि insurance company यह सोचती है की आप pregnant होने वाली है । उफ़ काश स्कूल में बताते तो हमें इतनी अकाल जल्द आ जाती की कोनसा health insurance और life insurance लेना चाहिए।

३. computer education – जब मई स्कूल में था तब computer देखना तो दूर computer के बारे में कुछ बताते भी नहीं थे । हाँ कुछ स्कूलों में ये सुविधा थी । पर मेरे english medium स्कूल मी नहीं । मैंने computer को छुआ १२वी के बाद । इतना गुस्सा आता है मुझे अपने स्कूल मैनेजमेंट पर और गवर्नमेंट पर भी की ये लोग computer education को स्कूलों में compulsory क्यों नहीं करते। अगर ये हो जाये ना तो ना जाने कितने बच्चे जिन्हें मौका नहीं मिल पाता वह अपनी काबिलियत जल्द दिखा पाएंगे ।

तो दोस्तों मेरे हिसाब से यह सारी चीज़ें स्कूल में सिखाई जाती तो बोहोत फायदेमंद होता । आपको क्या लगता है और ऐसी कौनसी चीज़ें है जिनको सिखाना चाहिए । अपने विचार comment द्वारा पोहोंचाए । code hindi का यही प्रयास है की आप बेहतर से बेहतर बने जो school colleges नहीं सिखाते वह code हिंदी में हम आपको बताएँगे । आगे आने वाले जानकारी से videos के लिए subscribe ज़रूर करें इस चैनल को। धन्यवाद ।

जिम्मेदार बनने के कुछ tips

जिम्मेदार बनने के कुछ tips

१. खुद को सवारें – कुछ लोगों को लगता है की बाल बिखरे हुए कपडे कैसे भी पहन लिए तो college boy की तरह cool लगेंगे । ऐसा नहीं है दोस्तों । स्वछ रहना mature बनने का पहला कदम है । हर दिन नहाइये और कपडे साफ़ और अच्छे से इस्त्री किये हुए पहने । दांत अच्छी तरह brush कीजिये और अपने बालों को भी अच्छे से कंगी कीजिये ताकि लोग आपको seriously लें ।

२ time पर पहुंचे – चाहे दोस्तों से मिलना हो या कोई meeting हमेशा time पर पहुंचे । time पर पहुंचना यह दर्शाता है की आप खुदके और जिससे मिलने वाले है उसके time की कदर करते है जिससे आप जिम्मेदार लगते है ।

३ हमेशा तैयार रहें – चाहे आप कोई meeting attend कर रहें हो या कोई class अपने पास notes रखिये इन चीज़ों का । अगर कुछ कर ही रहें है तो उसे अच्छे से क्यों ना किया जाए ।

४ चीज़े सही जगह पर रखें – अपनी चीज़ों को सही जगह पर रखें ताकि आपको याद रहे| यह छोटी सी बात है पर यह हमारा मूल्यवान समय बचा सकती है ।

५ आलोचना को स्वीकार करें – अगर आप किसी के राय से सहमत नहीं है तो उनसे लड़िये मत । ज़रूरी नहीं की हर बार आप जो कहे वह सही हो या लोग उसे सही समझें । आलोचना इंसान का सबसे बड़ा दोस्त माना जाता है । क्योंकि आलोचना नहीं होगी तो आपको पता कैसे चलेगा अपनी गलतियों का । इसलिए लोग कुछ आपके बारे में बुरा कह रहें हो तो उसे अपने अंदर सुधार लाने में इस्तेमाल करें नाकि लोगो से लड़ने में ।

६. सबकी इज़्ज़त करें – सभी लोगों से इज़्ज़त से और शिष्टाचार से बात करें। जिम्मेदार लोग हमेशा दूसरों की इज़्ज़त करते है । जो दुसरो की इज़्ज़त नहीं करता वह दूसरों से इज़्ज़त पाता भी नहीं

Fluent English बोलने का मतलब क्या है।

Fluent English बोलने का मतलब क्या है। Grammar यानी व्याकरण और pronunciation यानी उच्चारण को सही रखते हुए बोलना बिना उसके बारे में ज्यादा सोचते हुए|

दो मुख्य कारण जिससे हमें fluent english बोलने में दिक्कत आती है वह है
१. हमें proper words नहीं याद आते जो उस समय इस्तेमाल करनी चाहिए ।
२. हमें words मिल जाते है पर हम उससे sentence नहीं form कर पाते ।

जब कोई आपसे अंग्रेजी में कुछ सवाल पूछे और आप तुरंत जवाब या आपको काफी सोचने की ज़रूरत पड़ती है मतलब आप smoothly जवाब नहीं दे पाते । आपको उसे पहले मन में हिंदी में सोचकर ट्रांसलेट करना पड़ता है तो समाज जाईये की इसे बेहतर करने के लिए आपका प्रैक्टिस करना ज़रूरी है । जैसे आप पहली बार कोई बात कर रहे है तब या चीज़ ज्यादा करके होती है। जैसे आप क्रिकेट हमेशा देखते है तो इस विषय पर आपसे कोई पूछे how did yuvi play yesterday । तो आप उसका जवाब तुरंत अंग्रेजी में दे पाएंगे पर अगर पूछे कोई ऐसा सवाल जो आप बिलकुल भी expect नहीं कर रहे थे तो आप मन में उसे हिंदी में सोचकर translate करके फिर बोलते है । हमें आदत बानी हुई है की हम हिंदी में ही सोचते है ।

आपको एक flow के साथ बोलना है । हर भाषा की एक rhythm होती है। उस rythm को पकड़ के बोलना है । ना बहुत ज्यादा तेज ना बहुत ज्यादा धीरे से ।

आइये देखते है fluent english में गलती और सुधार का एक उदाहरण

उदहारण के तौर पर जैसे रवि सुनील के पास जाकर उससे पूछता है
how was your day yesterday.
तो सुनील हिंदी में सोचता है । मेरा दिन बढ़िया रहा । मैं और मेरे दोस्त resort में गए बहुत मज़े किये ।
वह फिर इससे इंग्लिश में अपने मन में convert करता है । I had a great day. Me and my friends resort went and had fun.
अब इस convert करने के चक्कर में grammer गलत हो गया पर सुनील को इसका एहसास हुआ और जब संतोष से उसकी बात हुई और संतोष ने पुछा how was your day yesterday?
I had a great day. Me and my friends went to a resort and had fun.

२. हमेशा natural स्पीकर की तरह सीखने की कोशिश करें बिना boring lessons पढ़े । इससे आप grammer पर मास्टरी पा सकते है ।
३. सोचकर बोलना दिक्कत नहीं है दिक्कत है ज्यादा सोचकर बोलना । हम मन में पहले इंग्लिश को हिंदी में translate करते है फिर बोलते हैं । ऐसा नहीं होना चाहिए ।
४. शुरुवात में बड़े बड़े novels मत पढ़िए। इससे आप जल्दी से bore हो जायेंगे। कुछ रोचक चीज़ पढ़े जैसे २-३ pages का कोई play ।
४. जब आप बोलते समय topic में डूबकर बोलेंगे तो आपको इंग्लिश naturally आ जायेगी ।
५. आप लोगों को निरीक्षण यानी observe करें जो अच्छी english बोलते है ।
५. theory से practical में जब तक आप नहीं लाएंगे तब तक आप fluently नहीं बोल पाएंगे ।

tips जो आपको अंग्रेजी अच्छी करने में मदद करेंगे

आप आपके दिन छारीय के कामों में थोड़े से बदलाव लाकर अपनी अंग्रेजी को काफी बेहतर बना सकते है ।
१. अपने मोबाइल फ़ोन की language अगर आपने english set नहीं की है तो करलें ।
२. अंग्रेजी में news यानी खबरें सुने ।
३. बच्चों की किताबें पढ़ें । आपको यह बात सुनने में अजीब लग रही होगी मगर बच्चो की किताबों में काफी सरल english का उपयोग किया जाता है । सबसे पहले हमें सरल english सीखनी है ।
४. जब भी कोई नया word सुने तो उसे इन्टरनेट पर search करें की उसका meaning क्या है और उसे समझें ।

ब्राह्मी तेल के फायदे

brahmi tel ke fayde

१. आराम प्रदान करता है – यह कई तरह के दर्दों से राहत देता है जैसे सर दर्द , कमर दर्द , घुटनो में दर्द। सर, घुटने और कमर दर्द हो तो इससे हलकी मालिश कीजिये ।

२ तनाव काम करता है – एक study के अनुसार ब्राह्मी तेल सर पर लगाने से यह stress harmones को कम करता है जिससे तनाव काम होता है और mood अच्छा होता है ।

३ यादाश्त अच्छी करता है – सर पर लगाने से यह आपका ध्यान केंद्रित करने में मदद करता है और अगर आपको चीज़ें भूलने की आदत है तो उसमे सुधार लाने में भी यह मददगार पाया गया है ।

४ अच्छी नीदं आने में मदद करता है – अगर आपको जल्दी नींद नहीं आती तो ब्राह्मी तेल सर पर लगाकर सोयेंगे तो नींद अच्छी आएगी ।

५ बाल के अच्छा होता है – ब्राह्मी तेल सर पर लगाने से बालों का झड़ना कम होता है और dandruff के खिलाफ भी काफी लाभदायक है यह ।

English सीखते समय यह चीज़े ना करें

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१ आप सोचते है की english सीखना बहुत मुश्किल काम है – अगर आपको लग रहा है की english सीखना बहुत मुश्किल है तो फिर शायद आप कोई गलत तरीके से सीख रहें है । ऐसा कोई तरीका अपनाइये जिससे आपको english सीखना आसान लगे । english सीखना कोई ज्ञान लेने जैसे चीज़ नहीं यह एक कौशल है यानी skill है जो करने से ही आएगी यानी बोलने से । जहा भी सही मौका हो वहाँ english बोलने से हिचकिचाइए मत ।

२ . बात करते समय शर्म न करें – लोग इंग्लिश बोलते समय शर्माते है अगर उन्हें ठीक से अंग्रेजी नहीं आती । आपको शर्म करने की बिलकुल भी ज़रूरत नहीं है । आपको जितनी भी अंग्रेजी आती है उतनी कहें । अगर किसी जगह कोई word भूल गए या grammer भूल गए तो घबराइये मत वहां हिंदी का इस्तेमाल कर लीजिये पर संकोच के कारण रुकिए मत ।

३ . निराश मत होइए – इंग्लिश सीखते समय एक ससमय ऐसा आएगा जब आप निराश होने लगेंगे । पर इसको अपने english सीखने के आड़े ना आने दें । काफी चीज़ें आप भूल जायेंगे कोई बात नहीं । काफी बार words sentence grammer ठीक से बोल नहीं पाएंगे पर इससे निराश मत होइए । किसी भी चीज़ को लगातार करने से ही वह आप ठीक तरह से सीख सकते है । इसलिए इन बातों को दिल से ना लगाएं और अपनी english बोलने की प्रैक्टिस जारी रखें ।

४ चीज़ों को निजी तौर पर ना लें – अगर लोग आपकी बात समाज नहीं पा रहें है तो ऐसा ना सोचे की मेरे बोलने का तरीका ठीक नहीं है इसलिए वह समाज नहीं पा रहें ।इस दुनिया में बहुत से लोग बहुत से accent में बात करते है । काफी बार लोग आपको कहेंगे “sorry i did not get you” । इससे upset मत होइए । आराम से बात करें । फिर से कहें ।

५ अपने आप को किसी से compare ना करें – हर कोई अलग अलग level पर होते है और हर कोई अपने अपने speed से सीखते है । भाषा सीखते वक़्त कभी भी अपने आपको किसी से compare नहीं करना चाहिए । कोई बात नहीं अगर आप उतनी आसानी से नहीं बोल पाते । सब एक जैसे नहीं सीखते । अगर compare करना ही है तो खुद को खुद से ही compare करें की आप पहले कैसे बोलते थे और अब कैसे बोलते है । प्रैक्टिस करके अगर आपने अपने आपको सुधारा है तो यही आपकी जीत है ।